Bhind. मध्यप्रदेश विधानसभा में उपनेता प्रतिपक्ष एवं विधायक अटेर हेमन्त-सत्यदेव कटारे के द्वारा ग्वालियर इटावा एनएच 719 हाईवे को सिक्स लेन बनाने की माँग को लेकर भूख हड़ताल कर रहे पार्षद एवं समाजसेवियों को जिला प्रशासन एवं पुलिस प्रशासन ने देर रात जाकर जबरन उठाने की घटना को अंजाम देने की निंदा करते हुए प्रशानिक अधिकारियों की कार्यवाही को अलोकतांत्रिक करार दिया हैं. कांग्रेस मीडिया विभाग द्वारा जारी प्रेस में श्री कटारे ने कहा यह बहुत ही निंदनीय कृत्य है. क्या अब एक जनता के द्वारा चुने हुए प्रतिनिधि के साथ इस तरह का व्यवहार सरकार के द्वारा कराया जाएगा. जो लोग जनता की आवाज उठा रहे है. उनकी मांगें सरकार को मानना चाहिए लेकिन जिला प्रशासन एवं पुलिस प्रशासन ने सत्तापक्ष के नेताओं के दबाब में आकर उन्हें धरना स्थल से जबरन उठाया जा रहा हैं. उन्होंने जिला प्रशासन एवं पुलिस प्रशासन को चेताया हैं इस प्रकार के कृत्य को बिल्कुल वर्दाश्त नही किया जाएगा। उन्होंने सवाल करते हुए पूछा आजाद देश में क्या अब आम जनता या कोई भी जनप्रतिनिधि जनता की आवाज नही उठा सकता या धरना आंदोलन नही कर सकता? अटेर विधायक हेंमंत कटारे ने कहा आखिर इस हाईवे के लिए काफी दिनों से निरन्तर सिक्स लेन बनाने की माँग समाजसेवियों साधु संतों एवं अन्य लोगों के द्वारा की जा रही है लेकिन सरकार के कानों पर जूं तक नही रेंगी,मैं स्वयं भी इस मुद्दे को राजनीति से हटकर न किसी पार्टी की तरफ से बल्कि वहाँ के नागरिक होने के नाते जनता की आवाज को विधानसभा में उठाऊंगा और तब तक उठाऊंगा जब तक वह सिक्स लेन नही बन जाता,विधानसभा खत्म होने के बाद हम भी इस भूख हड़ताल पर जाकर बैठेंगे इस हाईवे की मांग को लेकर धरना देंगे तथा एक बहुत बड़ा जन आंदोलन भी खड़ा करेंगे और जब तक संघर्ष करता रहूँगा जब तक यह हाईवे सिक्स लेन नही बन जाता।
भूख हड़ताल पर बैठे पार्षदों एवं समाजसेवियों को जबरन उठाना लोकतंत्र की हत्या करना -श्री कटारे।














