डॉ राकेश पाठक, जयंत तोमर, देव श्रीमाली सहित चंबल के 300 पत्रकार सम्मानित

भिंड में मध्यप्रदेश श्रमजीवी पत्रकार संघ का चंबल संभाग स्तरीय सम्मेलन गरिमामय और भावनात्मक रूप से सम्पन्न..!
10 वरिष्ठ पत्रकारों को चंबल गौरव सम्मान, तीन को पत्रकार स्मृति सम्मान और 6 को उत्कृष्ट पत्रकारिता और शेष को सहभागिता पत्रकार सम्मान से किया सम्मानित
पत्रकारों की सुरक्षा, आंचलिक पत्रकारिता और लोकतांत्रिक मूल्यों पर खुलकर हुई चर्चा
Bhind.
पत्रकार समाज में जनोन्मुखी पत्रकारिता करें राजनेता और प्रशासन की गोद में बैठने की वजह वह समाज की गोद में बैठें यह बात मध्य प्रदेश श्रमजीवी पत्रकार संघ के प्रांताध्यक्ष शलभ भदौरिया ने भिंड के संस्कृति गार्डन में आयोजित चंबल संभागीय सम्मेलन को संबोधित करते हुए कही। इस अवसर पर प्रदेश के वरिष्ठ पत्रकार डॉ राकेश पाठक बतौर मुख्य अतिथि,पत्रकारिता के प्रोफेसर जयंत सिंह तोमर,ग्वालियर के उत्कृष्ट पत्रकार देव श्रीमाली, प्रांताध्यक्ष से संबद्ध मोहम्मद अली, उपाध्यक्ष प्रवीण मिश्रा,आयोजन समिति के प्रदेश संयोजक,प्रदेश उपाध्यक्ष एवं चम्बल संभाग के प्रभारी राजकुमार दुबे, विधि प्रकोष्ठ के प्रमुख संदीप शर्मा, अनुशासन समिति के प्रमुख प्रहलाद सिंह भदौरिया, प्रदेश सचिव राकेश शर्मा सहित कई प्रदेश और संभागीय पदाधिकारी मंचासीन रहें।
कार्यक्रम की अध्यक्षता चंबल संभाग के अध्यक्ष एवं दैनिक सुदर्शन के संपादक सतेंद्र सिंह तोमर ने की। द्वितीय सत्र में मुख्य अतिथि के रूप में जिला पंचायत की अध्यक्ष श्रीमती कामनासिंह भदौरिया, विशिष्ट अतिथि पूर्व मंत्री और मध्यप्रदेश विधानसभा में उपनेता प्रतिपक्ष रहे चौ. राकेश सिंह चतुर्वेदी मंचस्थ रहें।
कार्यक्रम में विशेष रूप से मौजूद प्रांताध्यक्ष श्री भदौरिया ने आगे कहा कि पत्रकारिता के मायने बदलने से समाज में पत्रकारिता का मूल्यांकन घटने लगा है इसलिए अब हमें पत्रकारिता को एक नई दिशा की ओर ले जाने की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि अक्सर पत्रकारों की स्थिति यह रहती है कि कहीं भी विकास कार्य हो रहा है और उन्होंने ठेकेदार से कोई अपनी डिमांड रखी पूरी न होने पर उन्होंने गुणवत्ता विहीन निर्माण कार्य की खबर छाप दी उसमें जांच के आदेश हुए जांच हुई उससे विकास कार्य प्रभावित हुआ मतलब सीधा है कि हमें इतना लालच में भी ना आए जिससे हमारे समाज का विकास रुक जाये। हमें सदैव समाज हित में कदम उठाने चाहिए लेकिन पत्रकार अधिकारियों या नेताओं के पत्रकार बनकर काम करते हैं उन्हें पत्रकारिता की नैतिकता और सुचिता का ध्यान ही नहीं।
संभागीय सम्मेलन का श्री गणेश विद्या की देवी वीणावादिनी मां सरस्वती की बंदना आराधना एवं वंदे मातरम् गीत के साथ हुई। कार्यक्रम में पत्रकारों पर हो रहे अत्याचार,आंचलिक पत्रकारिता की चुनौतियां, लोकतंत्र में मीडिया की भूमिका जैसे अहम विषयों पर खुलकर मंथन किया गया। इस अवसर पर चंबल संभाग के भिंड, मुरैना, श्योपुर, सबलगढ़, ग्वालियर सहित विभिन्न जिला इकाईयों से आए लगभग 300 पत्रकारों ने सहभागिता की। कार्यक्रम का गरिमामय संचालन भिंड इकाई के अध्यक्ष पत्रकार गणेश भारद्वाज के द्वारा किया गया प्रतिवेदन कार्यकारी अध्यक्ष भानु श्रीवास्तव ने और आभार व्यक्त महासचिव असगर खान ने किया।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए द्वितीय सत्र की मुख्य अतिथि श्रीमती कामना सिंह भदौरिया ने कहा कि भिंड के लिए आज विशेष दिन है आज एक पांडाल में अंचल के सैकड़ों पत्रकार एकत्रित हुए है। हमारे समाज में पत्रकारों का एक विशेष स्थान और महत्व है। आपकी मौजूदगी के कारण ही समाज में हो रहे असदघटनाक्रमों की जानकारी जन जन तक पहुंचती है।
विशिष्ट अतिथि चौधरी राकेश सिंह चतुर्वेदी ने पत्रकारों के हित के लिए सरकारों द्वारा काम किए जाने की आवश्यकता पर जोर दिया उन्होंने कहा कि भिंड में एक पत्रकार भवन होना चाहिए और एक पत्रकार कालौनी बनाने की दिशा में भी पहल होनी चाहिए। उन्होंने भिंड में हुए सम्मेलन की प्रशंसा करते हुए आगामी समय ने बड़े कार्यक्रमों में स्वयं के द्वारा सहयोग करने की बात कही। कार्यक्रम को डॉ. राकेश पाठक, प्रो. जयंत तोमर, वरिष्ठ पत्रकार देवश्रीमाली, संगठन प्रभारी एवं प्रांताध्यक्ष से संबद्ध मोहम्मद अली, प्रदेश उपाध्यक्ष प्रवीण मिश्रा, प्रदेश उपाध्यक्ष आयोजन प्रभारी चंबल संभाग के प्रभारी राजकुमार दुबे,संयोजक विधि प्रकोष्ठ, संदीप शर्मा,संयोजक अनुशासन समिति प्रहलाद सिंह भदौरिया, प्रदेश संयुक्त सचिव राकेश शर्मा,प्रदेश कार्यसमिति सदस्य द्वय महेश मिश्रा एवं अमरसिंह जादौन व अध्यक्षता कर रहे चंबल संभाग के अध्यक्ष सतेंद्रसिंग तोमर,सह संयोजक अनुशासन समिति राधाकृष्ण सिंघल,पूर्व भिण्ड जिला अध्यक्ष विक्रम सिंह जादौन, अजय शर्मा व परानिदेश भारद्वाज सहित सभी जिलाध्यक्षों और कई अन्य पदाधिकारियों ने संबोधित किया।
पत्रकार सुरक्षा और लोकतंत्र पर तीखे विचार

डॉ. राकेश पाठक ने भिंड में पत्रकारों के साथ हालिया दुर्व्यवहार की तीखी आलोचना करते हुए कहा, “पत्रकारों पर हमला केवल व्यक्ति विशेष पर नहीं, लोकतंत्र की नींव पर हमला है।” देव श्रीमाली ने कहा, “पत्रकार जनजागरण का माध्यम हैं; उनकी निष्पक्षता और सुरक्षा दोनों की रक्षा आवश्यक है।” प्रो. जयंत तोमर ने कहा, “पत्रकारिता एक मिशन है, जो ईमानदारी, विचारधारा और जनहित से जुड़ा हुआ है। इसे मात्र पेशा नहीं समझा जाना चाहिए।”
सम्मेलन में पत्रकारिता के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य करने वाले पत्रकारों को स्मृति सम्मान, चंबल गौरव पुरस्कार एवं उत्कृष्ट पत्रकारिता सम्मान से सम्मानित किया गया।

स्मृति सम्मान :
खिजर मोहम्मद कुरैशी स्मृति सम्मान
भिंड दैनिक भास्कर के ब्यूरो चीफ आकाश भदौरिया को खिजर मोहम्मद कुरैशी स्मृति सम्मान, सामाजिक पत्रिका इमरान अली को जब्बार खान स्मृति सम्मान और डीडी न्यूज के जिला प्रमुख असगर खान को श्रीगोपाल गुप्ता मुरैना स्मृति सम्मान प्रदान किया गया। यह सम्मान स्वर्गीय पत्रकारों के बच्चों व मंचस्थ अतिथियों के कर कमलों सम्मान भावनात्मक माहौल में प्रदान किए गए।
चंबल गौरव -: डॉ. राकेश पाठक, देव श्रीमाली, प्रो. जयंत तोमर, अनिल शर्मा (स्वदेश), जगमोहन शर्मा,, प्रेमचंद अग्रवाल, सुरेश वैष्णव श्योपुर, कृष्णकांत उपाध्याय श्योपुर सहित कुल 10 पत्रकार इस सम्मान से अलंकृत हुए।
उत्कृष्ट पत्रकारिता पुरस्कार -: राजा भैया पाल – उत्कृष्ट यूट्यूबर पत्रकार, रविरमन त्रिपाठी उत्कृष्ट नवोदित पत्रकार, लक्ष्मी मांझी उत्कृष्ट महिला पत्रकार, मनीष ऋषीश्वर उत्कृष्ट खोजी पत्रकार, अरविंद शर्मा उत्कृष्ट फेसबुक पत्रकार एवं प्रवीण परिहार को उत्कृष्ट फोटो जर्नलिस्ट के तौर पर सम्मानित किया गया।













