Advertisement

शास्त्री अलौकिक व्यक्तित्व के धनी थे : अवधूत महाराज।

भिंड. पंडित गिरजा शंकर शास्त्री अलौकिक व्यक्तित्व के धनी थे उनका समय जाना हम सब के लिए अपूर्ण छति है. ये उदगार चिलौगा आश्रम के अवधूत महाराज ने व्यक्त किये. वे
काली माता मंदिर के समीप महाशिवरात्रि महोत्सव समिति के वरिष्ठ सदस्य पंडित गिरजा शंकर शर्मा शास्त्री जी के निधन पर आयोजित शोक सभा में बोल रहे थे.
बता दें कि समिति के वरिष्ठ सदस्य पंडित गिरजा शंकर शर्मा शास्त्री जी के असमय दुखद निधन पर श्रद्धांजलि सभा का आयोजन चिलोंगा महाराज के सानिध्य में किया गया था.
इस दौरान अवधूत चिलोंगा महाराज ने कहा कि गिरजा शंकर अलौकिक व्यक्तित्व के धनी थे उनकी शब्दावली ही उनकी पहचान थी उनका असमय चले जाना एक अपूरणीय छती है। श्रद्धांजलि सभा में डॉक्टर रमेश दुबे ने कहा कि गिरजा एक संत पुरुष थे उन्होंने सनातन के मार्ग पर चल कर जिले को एक नई दिशा दी है, गिरजा शंकर जी को कभी भुलाया नहीं जा सकता,। श्याम नारायण बाजपेई ने कहा कि गिरजा शंकर की पहचान रामलीला के राम के रूप में थी उनकी यादें अमित हैं।
इस दौरान पुरुषार्थ मिश्रा गुड्डा, शाकार तिवारी सत्येंद्र पाठक, लाल दीपक दीक्षित, रवि बाजपेई, रवि खटीक, आदित्य दुबे, राजेश दीक्षित, छुटंकी समाधिया, शिव प्रताप सिंह राजावत, श्याम स्वरूप दीक्षित, काली मंदिर के पुजारी सभी गणमान्य एवं समाजसेवी उपस्थित रहे अंत में काली मंदिर पर सभी ने मोन रख कर ईश्वर से उनकी आत्मा की शांति की प्रार्थना की।

………