Bhind.
मध्यप्रदेश विधानसभा के उपनेता प्रतिपक्ष व अटेर विधायक हेमन्त कटारे ने मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव से मुलाकात कर बाढ़ पीड़ितों के बारे में अवगत कराया है. नेता प्रतिपक्ष ने cm को पत्र सौपते हुए मांग की है कि अटेर विधानसभा में प्रतिवर्ष बाढ़ आने से लोगों का बहुत नुकसान होता है. नदी की चपेट में आने से दर्जनों गांव में रहने वाले स्थानीय लोगों के खेत की फसल के अलावा मकान,गृहस्ती का सामान, मवेशियों का भूसा, पहनें ओड़ने के कपड़े यहां तक की मवेशी भी बह जाते हैं. इस समस्या के लिए कोई स्थाई समाधान निकाला जाना चाहिए,श्री कटारे ने कहा है कि कोटा वैराज से पानी छोड़े जाने के बाद चंबल में प्रति वर्ष बाढ़ के हालात निर्मित होते है. जिससे अटेर विधानसभा के कई गाँव बाढ़ग्रस्त हो जाते है. इन दिनों क्वारी नदी एवं चम्बल नदी में अतिवर्षा के कारण कोटा वैराज से पानी छोड़े जाने की बजह से अटेर विधानसभा के तकरीवन 3 दर्जन गाँव प्रभावित हुए है जिनमे जन जीवन अस्त व्यस्त हो गया है इसलिए हमारी सरकार से माँग है कि खेराट से लेकर मुकुटपुरा एवं देवाला होते हुए अटेर तक एक ब्रिज का निर्माण होना चाहिए जिससे वर्षाकाल में लोगों के आवागवन में कोई परेशानी न हो तथा जिन गाँवो में प्रतिवर्ष बाढ़ आने के कारण लोगों को परेशानी होती है उन लोगों के लिए उचित स्थान का चयन कराकर विस्थापन व्यवस्था कराना चाहिए.

पिछले वर्ष भी बाढ़ आने से हुए नुकसान का अब तक लोगों को मुआवजा नही मिला है. इस वर्ष फिर वही बाढ़ की आपदा के लोगों के सिर पर आ बनी हैं. इसलिए विगत बरस से लेकर अभी तक जिन लोगों का नुकसान हुआ है उसका आंकलन कराकर जल्द से जल्द मुआवजा दिलाना चाहिए तथा जिन गाँवो में बाढ़ के हालात बने हुए उन गांवो में प्रशासन को स्वास्थ्य संबंधी एवं लोगों के भरण पोषण का इंतजाम करना चाहिए एवं जिन गांवो में गर्भवती महिलाएं है एवं जो लोग गंभीर बीमारी से जूझ रहे है उनके लिए उचित व्यवस्था कर शहर में डॉक्टरों की देखरेख में रखने की व्यबस्था की जाना चाहिए, अभी लगभग 3 दर्जन गांवो में बाढ़ आने से पशुओं के लिए किसानों के पास रखा भूसा एवं अन्य उनके खाने की सामग्री नष्ट हो गई. उसके लिए प्रशासन को व्यवस्था करनी चाहिए,बाढ़ एवं अतिवर्षा से किसानों की फसल का भारी नुकसान हुआ है. उनको बिना सर्वे कराए किसानों को 100% मुआवजा राशि दिलवाई जाए. इन मांगों पर शीघ्र से अतिशीघ्र उचित कार्यवाही कर अवगत कराने की कृपा करें।
अटेर विधानसभा के इन गावों में हुआ भारी नुकसान….
क्वारी नदी में बाढ़ आने से प्रभावित होने वाले गाँव-मल्लपुरा,निवारी,महेवा,बगुलरी,परा,जवासा, कमई,कमई का पुरा,जनोरा,सोई,देहरा,डिड़ी, खडीत,खडेरी,सौरा,मौरा,बघेडी,खरिका, रिदौली, कनकुरा,मिरचौली,बहरराय का पुरा आदि गाँव हें.
चंबल नदी की तलहटी से लगे बाढ़ प्रभावित गांव
खैराट,चिलोंगा,मुकुटपुरा, देवाला, अटेर, दिन्नपुरा,मघारा,नखलोली की मड़ैया,रमा कोट,नरीपुरा,ज्ञानपुरा सहित आदि गाँव प्रभावित हैं.












